इंटेलिजेंस विंग सक्रिय: उपराष्ट्रपति के उत्तराखंड दौरे पर सुरक्षा एजेंसियों का हाई-प्रोफाइल अलर्ट

Blog
 Image

देहरादून | उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन अपने पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत गुरुवार को देवभूमि उत्तराखंड पहुंचे। जौलीग्रांट एयरपोर्ट पर उनके आगमन पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) ने पुष्पगुच्छ भेंट कर उनका भव्य स्वागत किया। इस दौरान कैबिनेट के कई वरिष्ठ मंत्री और प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद रहे। एयरपोर्ट पर औपचारिक स्वागत के बाद उपराष्ट्रपति सीधे एम्स ऋषिकेश के लिए रवाना हुए। तीन जोन में बंटा क्षेत्र उपराष्ट्रपति के दौरे की संवेदनशीलता को देखते हुए सुरक्षा के कड़े और अभूतपूर्व इंतजाम किए गए हैं। जौलीग्रांट एयरपोर्ट से लेकर एम्स परिसर तक के पूरे रूट को 'अभेद दुर्ग' में तब्दील कर दिया गया है। सुरक्षा व्यवस्था को मुख्य रूप से तीन विशेष जोन में विभाजित किया गया है। जौलीग्रांट एयरपोर्ट क्षेत्र, एम्स स्थित हेलीपैड और उसके आसपास का परिसर,मुख्य कार्यक्रम स्थल और एम्स का आंतरिक क्षेत्र, इन तीनों जोन की सुरक्षा की कमान सीधे वरिष्ट पुलिस अधीक्षक स्तर के अधिकारियों को सौंपी गई है। चप्पे-चप्पे पर पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों की पैनी नजर है।

भारी पुलिस बल तैनात, चेकिंग अभियान तेज सीओ नीरज सेमवाल ने बताया कि वीवीआईपी दौरे के मद्देनजर सुरक्षा में कोई कोर-कसर नहीं छोड़ी गई है। बड़ी संख्या में पुलिस बल, पीएसी और खुफिया इकाइयों को तैनात किया गया है। संवेदनशील स्थानों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में विशेष निगरानी रखी जा रही है। एयरपोर्ट से एम्स तक के मार्ग पर संदिग्धों की जांच के लिए सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। पुलिस ने स्थानीय लोगों और यात्रियों से भी सहयोग की अपील की है ताकि यातायात और सुरक्षा व्यवस्था सुचारू बनी रहे। एम्स ऋषिकेश में विशेष कार्यक्रम उपराष्ट्रपति एम्स ऋषिकेश में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम में शिरकत कर रहे हैं। उनके इस दौरे को स्वास्थ्य सेवाओं और संस्थान की प्रगति के लिहाज से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस अवसर पर कहा कि उपराष्ट्रपति का देवभूमि आगमन हमारे लिए गौरव की बात है। उनके मार्गदर्शन से राज्य के विकास और स्वास्थ्य सेवाओं को नई ऊर्जा मिलेगी। वीवीआईपी मूवमेंट के दौरान यातायात को सुचारू रखने के लिए पुलिस ने वैकल्पिक मार्ग भी तैयार रखे हैं। उपराष्ट्रपति के दौरे को लेकर तीर्थनगरी में खासा उत्साह है, वहीं प्रशासन किसी भी प्रकार की सुरक्षा चूक से बचने के लिए 'जीरो टॉलरेंस' की नीति पर काम कर रहा है।